- बीच भाषण में पहुंचा चीन का संदेश
- तेओदोरो ने बताया दबाव और धमकी
- दक्षिण चीन सागर विवाद फिर गरमाया
मनीला, 9 सितंबर। दक्षिण कोरिया में आयोजित सियोल डिफेंस डायलॉग के दौरान फिलीपींस के रक्षा मंत्री गिल्बर्टो सी. तेओदोरो के भाषण के बीच चीन की ओर से एक संदेश पहुंचाए जाने पर विवाद खड़ा हो गया। आयोजकों और दक्षिण कोरियाई समाचार एजेंसी योनहाप के अनुसार, यह संदेश सियोल स्थित चीनी दूतावास के सैन्य अताशे की ओर से भेजा गया था।
तेओदोरो ने भाषण रोककर संदेश को सार्वजनिक रूप से पढ़ा। इसमें चीन ने 2016 के दक्षिण चीन सागर मध्यस्थता फैसले को अंतरराष्ट्रीय कानून के मूल सिद्धांतों के खिलाफ बताते हुए अपने रुख को स्पष्ट और दृढ़ बताया। अंतरराष्ट्रीय न्यायाधिकरण ने उस फैसले में चीन के व्यापक ऐतिहासिक अधिकारों के दावों को कानूनी आधारहीन माना था।
संदेश पढ़ने के बाद तेओदोरो ने चीन के कदम की तीखी आलोचना की। उन्होंने इसे आयोजकों, दक्षिण कोरिया और सम्मेलन में मौजूद प्रतिनिधियों के प्रति अनादर बताते हुए कहा कि चीन का व्यवहार “जबरदस्ती, धमकाने और आक्रामकता” जैसा है।
फिलीपींस के रक्षा मंत्री ने कहा कि उनका देश दक्षिण चीन सागर में चीन की गतिविधियों और अपने विशेष आर्थिक क्षेत्र में कथित अतिक्रमण की रोजाना चुनौतियों का सामना कर रहा है। उन्होंने इन दबावों के बीच फिलीपींस द्वारा अन्य देशों के साथ सुरक्षा साझेदारी मजबूत करने की जरूरत पर भी जोर दिया। दक्षिण चीन सागर को लेकर दोनों देशों के बीच क्षेत्रीय और समुद्री अधिकारों का विवाद लंबे समय से जारी है।


