- बंद खदानों को खेत बनाने की तैयारी
- सूरज की जगह कृत्रिम रोशनी
- पुराने ढांचे से घटेगी खेती लागत
चीन में बंद पड़ी कोयला खदानों को खेती के लिए इस्तेमाल करने की योजना पर वैज्ञानिकों ने जोर दिया है। शान्शी प्रांत के शोधकर्ताओं के मुताबिक, खदानों की सुरंगों में नियंत्रित वातावरण वाली खेती विकसित की जा सकती है। इससे जलवायु परिवर्तन और मौसम की मार से खेती को बचाने में मदद मिल सकती है।
शोधकर्ताओं का सुझाव है कि खदानों में पहले से मौजूद सुरंगों, बिजली ग्रिड, वेंटिलेशन सिस्टम और भूजल जैसी सुविधाओं का इस्तेमाल किया जाए। प्राकृतिक धूप की कमी को कृत्रिम रोशनी से पूरा किया जा सकता है, जबकि भूमिगत तापमान अपेक्षाकृत स्थिर रहता है।
अनुमान है कि वर्ष 2030 तक चीन में करीब 15,000 खदानें बंद हो सकती हैं। ऐसे में इनका कृषि उत्पादन के लिए पुन: उपयोग कर हरित और सर्कुलर अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने की कोशिश की जा रही है। ब्रिटेन समेत कुछ अन्य देशों में भी भूमिगत खेती के प्रयोग हो चुके हैं।


