देश की प्रमुख फूड डिलीवरी कंपनी स्विगी ने 10-15 मिनट में भोजन पहुंचाने वाली अपनी स्टैंडअलोन ऐप ‘स्नैक’ को बंद करने का निर्णय लिया है। कंपनी ने कर्मचारियों को भेजे गए आंतरिक ईमेल में इसकी जानकारी दी।
यह सेवा एक वर्ष से भी कम समय पहले शुरू की गई थी। कंपनी के अनुसार, प्रारंभिक स्तर पर उत्पाद और बाजार के बीच अनुकूलता दिखाई देने लगी थी, लेकिन मौजूदा आर्थिक परिस्थितियों में इसे बड़े पैमाने पर लाभदायक बनाना संभव नहीं हो पा रहा था। ईमेल में कहा गया है कि कंपनी अब अपनी ऊर्जा और संसाधन ऐसे नवाचारों पर केंद्रित करेगी, जिनमें दीर्घकालिक विकास की अधिक संभावनाएं हों।
‘स्नैक’ को पहले बेंगलुरु के चुनिंदा इलाकों में शुरू किया गया था और बाद में इसका विस्तार गुरुग्राम और नोएडा तक किया गया। हालांकि, यह सेवा सीमित बाजारों तक ही सिमटकर रह गई और राष्ट्रीय स्तर पर विस्तार नहीं कर सकी।
फूड डिलीवरी क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा लगातार तेज हो रही है। मोबिलिटी प्लेटफॉर्म रैपिडो भी इस क्षेत्र में उतरने की तैयारी कर रहा है। दूसरी ओर, स्विगी को लगातार तीन तिमाहियों में घाटा उठाना पड़ा है, जिसके चलते कंपनी ने नई पूंजी जुटाने के लिए क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट (क्यूआईपी) का सहारा लिया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि बढ़ती प्रतिस्पर्धा और लागत के दबाव के बीच स्विगी का यह फैसला अपने कारोबार को संतुलित और सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।


